‘फारस की खाड़ी’ में फंसे 2000 भारतीय नाविक डरे: हिमाचल के कैप्टन रमन बोले- US-इजरायल जहाजों पर ईरानी हमले जारी, युद्ध के कारण 500 से 700 जहाज समुद्र में फंसे

Neha Gupta
3 Min Read


खाड़ी देश ‘फारस की खाड़ी’ में फंसे हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले के कैप्टन रमन कपूर ने एक वीडियो जारी कर कहा कि अमेरिका-इजरायल और ईरान युद्ध के कारण 20 हजार नाविक डरे हुए हैं। इसमें लगभग 2000 भारतीय नाविक हैं। उन्होंने कहा कि खाड़ी देशों में युद्ध के कारण 500 से 700 नौसैनिक जहाज समुद्र में फंसे हुए हैं। कैप्टन रमन ने कहा कि किसी भी जहाज पर कभी भी हमला हो सकता है. खासकर उन जहाजों पर जिनका अमेरिका और इजराइल से कोई संबंध है, अगर वे आवाजाही शुरू करते हैं. उन्होंने कहा कि ईरान चाहता है कि दूसरे देशों (भारत और चीन को छोड़कर) का कोई भी तेल टैंकर फारस की खाड़ी से बाहर न जाए। हमारा जहाज फारस की खाड़ी में फंसा हुआ है: रमन कैप्टन रमन ने कहा कि हमारा जहाज फारस की खाड़ी में फंसा हुआ है. वे कुछ दिन पहले ही माल लादकर इराक से आए थे। उनकी हालत ऐसी है कि वे न तो बाहर जा सकते हैं और न ही रह सकते हैं। उनके पास जहाज में अलर्ट रहने के अलावा कोई दूसरा विकल्प नहीं है. हवाई अड्डे और समुद्री रास्ते बंद हैं. समुद्री जहाजों को आगे बढ़ने की इजाजत नहीं: कपूर कैप्टन कपूर ने कहा कि मौजूदा सुरक्षा स्थिति के कारण इन जहाजों को फिलहाल आगे बढ़ने की इजाजत नहीं दी जा रही है. इससे सभी जहाज समुद्र में फंसे रहते हैं और नाविक लगातार तनाव में रहते हैं, जो लगातार अपने परिवारों के संपर्क में रहने की कोशिश कर रहे हैं। अनिश्चित परिस्थितियों के बीच नाविक अपनी सुरक्षा और भविष्य को लेकर चिंतित हैं। सुरक्षा के लिए प्रार्थना की अपील कैप्टन रमन कपूर ने देशवासियों से सभी नाविकों की सुरक्षा के लिए प्रार्थना करने की अपील की है। साथ ही उन्होंने भारत सरकार से इस मामले में हस्तक्षेप करने और भारतीय नाविकों और जहाजों की सुरक्षित निकासी के लिए आवश्यक कदम उठाने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि उनकी कंपनी और क्रू लगातार उनका समर्थन कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि वह प्रार्थना करते हैं कि यह युद्ध जल्द बंद हो, ताकि वे सुरक्षित घर पहुंच सकें. बता दें कि अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच 28 फरवरी से युद्ध शुरू हुआ है. आज इस लड़ाई का 18वां दिन है. लेकिन अभी तक युद्ध ख़त्म होने का कोई संकेत नहीं दिख रहा है. इससे नाविक अधिक तनाव में हैं।

Source link

Share This Article