पुरातत्वविदों ने इंडोनेशिया के सुलावेसी द्वीप के पास मुना द्वीप पर एक चूना पत्थर की गुफा में मानव इतिहास की सबसे बड़ी खोजों में से एक की है। यहां की गुफा की दीवार पर एक लाल हाथ की स्टेंसिल (हैंड स्टैंसिल) मिली है, जो लगभग 67,800 वर्ष पुरानी सिद्ध हुई है। इस खोज के साथ ही स्पेन में मिली 66,700 साल पुरानी कला का विश्व रिकॉर्ड टूट गया है.
अनोखी कला और विधि
वैज्ञानिकों के अनुसार इस कला का निर्माण आधुनिक मानव के किसी पूर्वज ने किया था। इस चित्र को बनाने की विधि अत्यंत रोचक है; कलाकार ने दीवार पर हाथ रखकर और उस पर मुंह से गेरू (लाल रंग) फूंककर यह आकृति बनाई। हैरानी की बात यह है कि इस हाथ की उंगलियां इतनी लंबी और नुकीली बनाई गई हैं कि यह एक शक्तिशाली ‘पंजे’ जैसी लगती हैं। यह उस समय के लोगों की कलात्मक दृष्टि और कल्पनाशीलता को दर्शाता है।
यह कला 67,800 वर्षों से मौजूद है
वैज्ञानिकों ने इस कला की सटीक आयु निर्धारित करने के लिए परिष्कृत तकनीक का उपयोग किया। छवि के शीर्ष पर जमे हुए कैल्शियम कार्बोनेट की परतों का विश्लेषण किया गया। पत्थर की यह परत पेंटिंग के बाद हजारों वर्षों की प्रक्रिया से बनी है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि यह कला 67,800 वर्षों से मौजूद है।
रहस्यमयी सबूत अभी भी मिल सकते हैं
इस महत्वपूर्ण खोज के बाद वैज्ञानिक अब पूरे क्षेत्र में और अधिक खुदाई और शोध करने की योजना बना रहे हैं। उन्हें उम्मीद है कि इन गुफाओं में मानव सभ्यता के उदय के और भी प्राचीन और रहस्यमय सबूत छिपे हो सकते हैं।